शहीदों को नमन

नक्सली हमले में शहीद देशभक्तों को विनम्र श्रद्धांजलि,


कहीं टिटकता घोड़ा रूठा, कहीं रेशम का धागा
कहीं टूटा बुढ़ापे का लाठी,कहीं सुहाग विधाता
किसी मित्र ने साथी खोया,कहीं किसी ने भ्राता
दुख का अंत कहाँ रिश्तों में ,ससुर हुए बिन जमाता
मचा तबाही फिर दुष्टो की ,नक्सलमयि अंजाम
दण्डक वन की पीड़ा हरने,फिर आओ श्रीराम।।

सौजन्य :-facebook image

मानव ही मानव को छलते है,असन्तोष फिर छाये
तनिक स्वार्थ के चलते हमने,अनगित प्राण गंवाये
उजड़े-उजड़े घर बार यहाँ, खुद को खुद ही तलाश रहे
जल जंगल जमी हमारी ,फिरभी टुकड़ो को ताक रहे
भोली भाली वा-नर सेना का ,यह विकृत अंजाम
दण्डक वन की पीड़ा हरने,फिर आओ श्रीराम।।

सौजन्य :-facebook image

खर दूषणमयि आतंकों से, वनांचल आजाद करो
मरीचि छद्मवेश से ,अब तो पर्दाफाश करो
नुक्ताचीनी राजनीति ने, अब तक बंदरबाट किया
राम राज्य की मूल मंत्र से,धरती और आकाश भरो
जन-जन की अभिलाषाओं के एकमात्र तुम धाम
दण्डक वन की पीड़ा हरने,फिर आओ श्री राम।।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.